मऊ-आजमगढ़ रेलवे ट्रैक पर पैसेंजर ट्रेन को पलटाने की साजिश की गई। रविवार की रात सठियांव रेलवे स्टेशन के फाटक के निकट रेलवे ट्रैक पर लोहे का एंगल रखा मिला। ट्रेन धीमी होने के चलते लोको पायलट ने दूर से देख लिया और ट्रेन रोक ली। इसकी सूचना रेलवे विभाग को देते हुए लोको पायलट ट्रेन बैक कर दूसरी पटरी से ट्रेन को लेकर आजमगढ़ पहुंचा और आरपीएफ को सूचना दी। सूचना मिलते ही आरपीएफ और जीआरपी मौके पर पहुंची। ट्रैक से लोहे के एंगल को हटवाया और अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
रविवार को बलिया से शाहगंज को जाने वाली पैसेंजर ट्रेन रोज की भांति मऊ से चलकर सठियांव पहुंची। सठियांव स्टेशन से करीब साढ़े आठ बजे वह आजमगढ़ के लिए निकली। स्टेशन से 100 मीटर आगे ट्रेन जैसे ही रेलवे फाटक के पास पहुंची कि ट्रेन के लोको पायलट को रेलवे ट्रैक पर कुछ रखा दिख गया।
धीमी गति से ट्रेन होने के चलते लोको पायलट ने ट्रेन रोक दिया। लोको पायलट ने नजदीक जाकर देखा तो ट्रैक पर लोहे का एंगल रखा हुआ था। लोको पायलट ने ट्रेन को पीछे किया फिर दूसरे ट्रैक से वह इसे लेकर आजमगढ़ रेलवे स्टेशन पहुंचा। जहां लोको पायलट ने इसकी सूचना आरपीएफ को दी। सूचना मिलते ही आरपीएफ और जीआरपी मौके पर पहुंचे। रेलवे ट्रैक से लोहे के एंगल को हटवाया और जांच में जुट गई।

