उत्तर प्रदेशक्राइम न्यूज़गोरखपुरदेशब्रेकिंग न्यूज़

गोरखपुर : सोशल मीडिया एकाउंट व बीजीएमआई गेम एकाउंट हैक कर बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश

गोरखपुर - रामगढ़ताल पुलिस व साइबर सेल की टीम ने सोशल मीडिया एकाउंट व बीजीएमआई एकाउंट हैक कर बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया और कोर्ट में पेश कर जेल भिजवा दिया।

गोरखपुर – रामगढ़ताल पुलिस व साइबर सेल की टीम ने सोशल मीडिया एकाउंट व बीजीएमआई एकाउंट हैक कर बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया और कोर्ट में पेश कर जेल भिजवा दिया।

एसपी सिटी कृष्ण कुमार विश्नोई ने पुलिस लाइन सभागार में घटना का खुलासा करते हुए बताया कि पकड़े गए आरोपियों की पहचान बंगाल के बसिरहाट साईपल्ला नवापल्ली क्लब थाना बसिरहाट जनपद 24 नार्थ परगना निवासी अभिजीत हलधर व यूपी के देवरिया के कोतवाली थाना निवासी अंश बरनवाल के रूप में हुई है।

पुलिस के अनुसार 12 अक्टूबर 2022 को आदित्य नामक व्यक्ति ने रामगढ़ताल थाना पर तहरीर देकर बताया कि उसकी ट्विटर आईडी व गेम एकाउंट को हैक कर पैसे की मांग की जा रही है और बदनाम करने की धमकी भी दी जा रही है. जिसके बाद पुलिस ने केस दर्ज किया। मामले में साइबर सेल व रामगढ़ताल पुलिस को संयुक्त रूप से लगाया गे था। जांच में सामने आया कि देवरिया के अंश बरनवाल ने उसे धमकी दी है. जिसके बाद दोनो को गिरफ्तार किया गया।

पुलिस की पूछताछ में आरोपी अभिजीत ने बताया कि वह फिशिंग लिंक के माध्यम से अलग अलग सोशल नेटवर्किंग साइट जैसे ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम, व गेम पोर्टल पर प्रसारित करता है.उस फिसिंग लिंक पर जो कोई भी क्लिक कर अपना सोशल मीडिया एकाउंट का आईडी पासवर्ड इंटर करता था, वह आईडी व पासवर्ड उसे मिल जाती थी. पासवर्ड व आईडी मिलते ही अभिजीत उस आईडी का यूजर आईडी, पासवर्ड, लिंक मोबाइल नम्बर , ईमेल आईडी बदल देता था। उसकी पहचान बदलकर अपनी ईमेल आईडी लिंक कर देता था। नए रूप में बदलने के बाद सोशल मीडिया साइट टेलीग्राम व डार्क नेट के जरिये वह ट्विटर, फेसबुक, बीजीएमआई गेम एकाउंट उसी कस्टमर को या फिर दूसरे को बेच देता था।

वही आरोपी अंश ने बताया कि टेलीग्राम के जरिये ही वह टिवटर, फेसबुक, बीजीएमआई गेम एकाउंट खरीदता था और उसका सबकुछ बदलकर दूसरे को या पुराने एकाउंट होल्डर को बेचता था।

एसपी सिटी ने बताया कि ये दोनों इंडोनेशिया के प्रिंस नामक युवक से 380 रुपये में फिसिंग लिंक लेते थे ये लोग एक दिन में 15 से 20 लोगो के साथ इस गेम के माध्यम से ठगी करते थे। बताया कि इनलोगो के द्वारा गेम का एक्सिस लेने के बाद एकाउंट होल्डर के गेम एकाउंट में कितने पैसे है यह पता चल जाता था। एक व्यक्ति से ये 60 से 70 हजार वसूलता था। पुलिस के अनुसार भारत के पब्जी और बीजीएमआई गेम एप बैन है। उन्होंने लोगो से अपील की है कि किसी भी आवश्यक लिंक पर क्लिक न करे, सोशल मीडिया एकाउंट का पासवर्ड स्ट्रांग रखें और हमेशा तू फेक्टर ऑथेंटिकेशन तू स्टेप वेरिफिकेशन ऑन रखें। बैन हो चुके गेम या किसी सोशल मीडिया एकाउंट का संचालन न करें।

रिपोर्टर – प्रवीण कुशवाहा

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button