लाइफस्टाइल

प्रेग्नेंट होने के लिए कैसे की जाती है एग फ्रीजिंग?

जिन महिलाओं को पारिवारिक इतिहास या जेनेटिक्स के कारण जल्दी मेनोपॉज़ होने की संभावना हो

बढ़ती प्रजनन समस्याओं (Fertility Problems) के कारण अधिकतर कपल्स को उम्र ज्यादा हो जाने पर गर्भधारण करने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है। प्रजनन क्षमता में उम्र की एक महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे में  देर से गर्भधारण करने वाली महिलाओं को सेहत से जुड़ी अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।

क्या है एग फ्रीजिंग? एग फ्रीजिंग या अवसाईट्स क्रायोप्रिजर्वेशन एक ऐसी विधि है, जिसकी मदद से निकट भविष्य में महिला के गर्भधारण की क्षमता को संरक्षित किया जा सकता है। इस विधि में महिला की डिम्ब ग्रंथियों से अंडो को निकालकर उन्हें फ्रीज़ कर दिया जाता है, ताकि बाद में जब महिला को लगे कि वह गर्भधारण के लिए तैयार है, तब उन अंडों और शुक्राणु का निषेचन कराके महिला के गर्भ में स्थापित किया जा सके

किस प्रकार की जाती है एग फ्रीजिंग?

अंडे निकालना- अंडे निकालने की इस प्रक्रिया में फॉलिकल्स की पहचान करने के लिए बेहोश करके योनि के अंदर एक अल्ट्रासाउंड प्रोब डाला जाता है। एक सुई से जुड़ी सक्शन डिवाइस द्वारा अनेक फॉलिकल्स को एस्पिरेट किया जाता है और परिपक्व अवसाईट (अंडों) की पहचान करने के लिए माईक्रोस्कोप द्वारा फॉलिकल फ्लुड की जांच की जाती है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button