यमुना नदी में भैंसों को नहलाने ले जाना पशुपालक को महंगा पड़ गया। नगर निगम के टास्क फोर्स ने यमुना किनारे कार्रवाई करते हुए भैंस को पकड़ लिया और पशुपालक से 8300 रुपये का जुर्माना वसूला।
पीपलमंडी क्षेत्र निवासी पशुपालक अमित यादव भैंसों को यमुना में नहलाने के लिए पहुंचे थे। इसी बीच निगम का टास्क फोर्स पहुंच गया और भैंस पकड़ने के साथ पशुपालक से जुर्माना वसूला। उसके बाद ही भैंस को छोड़ा गया। नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अजय कुमार ने बताया कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने यमुना नदी में भैंसों या अन्य पशुओं को नहलाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा रखा है। इसी वजह से कार्रवाई कर जुर्माना वसूला गया है।
300 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से चारे का शुल्क भी पशुपालकों से लिया जाता है। उन्होंने कहा कि आगे भी यमुना किनारे निगरानी और सख्ती जारी रहेगी। वहीं नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल ने पशुपालकों से अपील की है कि वे एनजीटी के दिशा-निर्देशों का पालन करें और यमुना नदी को स्वच्छ रखने में सहयोग दें।

