पेट्रोल, डीजल और बेरोजगारी के खिलाफ समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित जन आक्रोश मार्च से ठीक पहले पार्टी के महानगर अध्यक्ष को पुलिस ने उनके आवास से हिरासत में ले लिया। इस गिरफ्तारी के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं में भारी रोष है और वे बड़ी संख्या में थाने पहुंचकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
समाजवादी पार्टी ने महंगाई के मुद्दों को लेकर एक बड़ा जन आक्रोश मार्च निकालने की योजना बनाई थी। इस मार्च के तहत कार्यकर्ताओं को बृहस्पतिवार सुबह 10:30 बजे एमजी रोड पर एकत्रित होकर कलेक्ट्रेट का घेराव करना था। कलेक्ट्रेट की ओर मार्च की शुरुआत होने से पहले ही, पुलिस ने जीवनी मंडी स्थित समाजवादी पार्टी के महानगर अध्यक्ष के आवास पर पहुंचकर उन्हें हिरासत में ले लिया।
महानगर महासचिव पुष्पेंद्र शर्मा ने बताया कि पुलिस ने सपा महानगर अध्यक्ष को थाने ले गई है। इस गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही पार्टी के बड़ी संख्या में कार्यकर्ता जीवनी मंडी स्थित आवास और थाने पर जमा हो गए हैं। कार्यकर्ता अपने नेता की रिहाई की मांग कर रहे हैं और पुलिसिया कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं।
समाजवादी पार्टी ने इस गिरफ्तारी को लोकतंत्र की आवाज को दबाने का एक कायराना प्रयास बताया है। पार्टी का आरोप है कि सरकार असहमति के स्वरों को बर्दाश्त नहीं कर पा रही है और विरोध प्रदर्शनों को रोकने के लिए पुलिस तंत्र का दुरुपयोग कर रही है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे अन्याय के खिलाफ सड़क से लेकर थाने तक संघर्ष करेंगे।
थाना छत्ता और उसके आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पुलिस किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए सतर्क है। इस गिरफ्तारी के बाद समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेतृत्व ने आगे की रणनीति पर विचार-विमर्श करने के लिए आपात बैठक बुलाई है। पार्टी ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनके नेता को रिहा नहीं किया जाता और महंगाई के मुद्दों पर सरकार ध्यान नहीं देती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।

