कानपुर के मोतीझील चौराहे पर शनिवार देर रात हुई मारपीट की एक घटना ने शहर में पुलिस गश्त पर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटनास्थल स्वरूप नगर थाने से चंद कदम की दूरी पर ही स्थित है, बावजूद इसके मारपीट के दौरान मौके पर पुलिस की मौजूदगी नहीं दिखी।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में चार-पांच युवक एक अन्य युवक को सड़क पर गिराकर पीटते नजर आ रहे हैं। इनमें से कुछ युवक उसके बाल खींच रहे थे तो कुछ लात-घूंसों से हमला कर रहे थे। पीड़ित युवक बचने की कोशिश करता रहा, लेकिन हमलावर लगातार उसे पीटते रहे और बाद में धमकाते हुए मौके से चले गए।
क्या है विवाद की वजह
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, होटल रॉयल क्लिफ के सामने वाहन निकालने को लेकर दो पक्षों के बीच कहासुनी हुई थी। बात बढ़ने पर युवकों ने पीड़ित को घेर लिया और सड़क पर गिराकर पिटाई शुरू कर दी। इस दौरान सड़क पर वाहन खड़े रहे और आवागमन भी प्रभावित हुआ, जबकि आसपास मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे।
पुलिस की मौजूदगी पर सवाल
मोतीझील चौराहा शहर के पॉश इलाकों में गिना जाता है, इसके बावजूद घटना के दौरान वहां पुलिस नहीं पहुंची, जिसे लेकर स्थानीय स्तर पर पुलिस गश्त और त्वरित कार्रवाई के दावों पर सवाल उठ रहे हैं। घटना के बाद किसी ने वीडियो सोशल मीडिया पर डाल दिया, जिसके बाद यह मामला सामने आया।
वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। इसे लेकर स्वरूप नगर थाने के इंस्पेक्टर देवेंद्र सिंह ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी या औपचारिक मुकदमे की जानकारी सार्वजनिक नहीं हुई है, और मामला जांच के प्रारंभिक चरण में है।
गौरतलब है कि हाल के दिनों में कानपुर के अलग-अलग इलाकों से मारपीट से जुड़े कई वीडियो सामने आए हैं, जिससे शहर में सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ी है। पुलिस प्रशासन की ओर से इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है, यह देखना बाकी है।

