बिहार के मुजफ्फरपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत जिला पुलिस और बिहार एसटीएफ (नारकोटिक्स सेल) को बड़ी कामयाबी मिली है। तुर्की थाना क्षेत्र में संयुक्त कार्रवाई करते हुए पुलिस और एसटीएफ की टीम ने एक महिला समेत पांच तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 136.35 ग्राम हेरोइन, करीब ढाई लाख रुपये नकद, पांच मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेज बरामद किए गए हैं। बरामद हेरोइन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 27 लाख 20 हजार रुपये आंकी गई है।
बस में सफर कर रहे थे तस्कर, गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि किशनगंज से पटना जा रही एक यात्री बस में तस्कर हेरोइन की बड़ी खेप लेकर सफर कर रहे हैं। इसी सूचना के आधार पर तुर्की थाना क्षेत्र के विकास लाइन होटल के पास पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने वाहन जांच अभियान चलाया। जांच के दौरान बस में सवार संदिग्ध यात्रियों की तलाशी ली गई, जिसमें उनके पास से हेरोइन और नकदी बरामद हुई।
पांचों आरोपी वैशाली और पटना जिले के निवासी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान वैशाली जिले के राघोपुर थाना क्षेत्र निवासी कुंदन कुमार और रोहित कुमार, रुस्तमपुर ओपी क्षेत्र निवासी प्रकाश कुमार और सतीश कुमार, तथा पटना जिले के फतुहा थाना क्षेत्र निवासी काजल देवी के रूप में हुई है। पश्चिमी एसडीपीओ एसी ज्ञानी के मुताबिक, गिरफ्तार सभी आरोपी एक संगठित तस्कर गिरोह से जुड़े हुए हैं। आरोपियों के पास से बरामद सामान में हेरोइन के अलावा नकदी, मोबाइल फोन, आधार कार्ड और बस-ट्रेन के टिकट भी शामिल हैं।
असम के सिलचर से मंगाई जाती थी हेरोइन की खेप
शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि यह गिरोह असम के सिलचर से हेरोइन की खेप मंगाकर बिहार के अलग-अलग जिलों में उसकी आपूर्ति करता था। पुलिस के मुताबिक इस नेटवर्क का विस्तार बिहार के अलावा असम और अन्य राज्यों तक फैला हुआ बताया जा रहा है, हालांकि नेटवर्क के पूरे दायरे की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। इस सिलसिले में तुर्की थाने में कांड संख्या 294/26 दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच कर रही है और गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश में छापेमारी जारी है।
गौरतलब है कि पिछले कुछ हफ्तों में मुजफ्फरपुर जिले में हेरोइन तस्करी से जुड़े कई अन्य मामले भी सामने आए हैं, जिससे जिले में नशीले पदार्थों की सप्लाई चेन पर पुलिस की निगरानी और सख्त होने की उम्मीद जताई जा रही है।

