कर्नाटक के बेंगलुरु में पुलिस और आयकर विभाग की कार्रवाई में बड़ी मात्रा में नकदी बरामद हुई है। इलेक्ट्रॉनिक सिटी इलाके में होसुर की ओर जा रही एक केरल नंबर की हुंडई क्रेटा कार से करीब 9 करोड़ रुपये नकद मिले हैं। इसके बाद तमिलनाडु में संबंधित लोगों से जुड़े ठिकानों पर तलाशी ली गई, जहां करीब 1.3 करोड़ रुपये अतिरिक्त बरामद होने की जानकारी सामने आई है। यानी अब तक कुल करीब 10.3 करोड़ रुपये नकद बरामद किए जा चुके हैं। आयकर विभाग पूरे मामले की जांच कर रहा है।
सबसे बड़ा सवाल यही है कि इतनी बड़ी रकम आखिर कहां से आई और इसे बेंगलुरु से होसुर क्यों ले जाया जा रहा था। अधिकारियों की जांच फिलहाल नकदी के स्रोत, इस्तेमाल और उसके परिवहन से जुड़े दस्तावेजों पर केंद्रित है।
रात में होसुर रोड पर रोकी गई कार
पुलिस के मुताबिक, आयकर विभाग के बेंगलुरु यूनिट-22 के डिप्टी डायरेक्टर जगदीश से मिली सूचना के आधार पर इलेक्ट्रॉनिक सिटी पुलिस की नाइट पेट्रोलिंग टीम ने कार्रवाई की। 18 अगस्त की रात करीब 10:30 बजे होसुर रोड पर BETL टोल प्लाजा पार करने के बाद एक सिग्नल के पास KL 20 T 8629 नंबर की हुंडई क्रेटा को रोका गया।
कार में दो लोग सवार थे। पुलिस दोनों को वाहन समेत इलेक्ट्रॉनिक सिटी पुलिस स्टेशन लेकर पहुंची, जहां बाद में कार और दोनों लोगों को आयकर विभाग की टीम को सौंप दिया गया।
कार में सूटकेस से मिले 9 करोड़ रुपये
आयकर अधिकारियों ने कार की विस्तृत तलाशी ली तो उसके अंदर छिपाकर रखी गई बड़ी मात्रा में नकदी बरामद हुई। रिपोर्टों के मुताबिक, कुल 9 करोड़ रुपये मिले और अधिकांश नोट 500 रुपये के थे। नकदी एक सूटकेस में रखी गई थी।
पुलिस के अनुसार, पकड़े गए लोगों में 42 वर्षीय सचिन की पहचान हुई है, जिसका संबंध तमिलनाडु के थूथुकुडी स्थित सिंधु ज्वैलर्स से बताया गया है। दूसरे व्यक्ति की पहचान सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं की गई है। दोनों से आयकर अधिकारियों द्वारा पूछताछ की जा रही है।
घर पर तलाशी में मिले 1.3 करोड़ रुपये
कार से नकदी बरामद होने के बाद जांच तमिलनाडु तक पहुंची। आयकर अधिकारियों ने संबंधित लोगों से जुड़े कुछ परिसरों पर तलाशी ली, जहां करीब 1.3 करोड़ रुपये अतिरिक्त नकद बरामद होने की जानकारी पुलिस ने दी है।
इस बरामदगी के बाद इस मामले में कुल नकदी की रकम करीब 10.3 करोड़ रुपये हो गई है।
हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि पूरी रकम का वास्तविक स्रोत क्या था और इसे किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था। आयकर विभाग इसी कड़ी को जोड़ने में जुटा है।
केरल में रजिस्टर्ड है कार
जिस हुंडई क्रेटा से नकदी बरामद हुई है, उसका रजिस्ट्रेशन केरल का है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार वाहन का नंबर KL 20 T 8629 है और यह तिरुवनंतपुरम जिले के नेय्याट्टिनकारा क्षेत्र में पंजीकृत बताया गया है।
पुलिस ने कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है। अब जांच में वाहन के मालिक, कार में सवार दोनों लोगों और नकदी के बीच संबंधों की पड़ताल की जा रही है।
पैसे का स्रोत और मंजिल बनी सबसे बड़ी पहेली
इतनी बड़ी रकम नकद मिलने के बाद जांच एजेंसियों के सामने कई सवाल हैं। सबसे पहले यह पता लगाया जा रहा है कि पैसा किसका है, इसका स्रोत क्या है और बेंगलुरु से होसुर तक इसे ले जाने का उद्देश्य क्या था।
अधिकारियों के मुताबिक, आगे की जांच में नकदी से जुड़े दस्तावेज, बैंकिंग लेनदेन, कारोबारी गतिविधियों और संबंधित लोगों के वित्तीय रिकॉर्ड की भी जांच की जा सकती है।
फिलहाल 9 करोड़ रुपये की कार से बरामदगी और 1.3 करोड़ रुपये की अतिरिक्त बरामदगी जांच का विषय है। सिर्फ नकदी बरामद होने से यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि रकम किसी अपराध से जुड़ी थी। आयकर विभाग की जांच के बाद ही इसकी वैधता और वास्तविक स्रोत को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।
दो दिन पहले भी बेंगलुरु में मिली थी बड़ी नकदी
यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब बेंगलुरु में इससे कुछ दिन पहले भी एक सरकारी अधिकारी के घर छापेमारी के दौरान 2.5 करोड़ रुपये नकद बरामद होने की खबर सामने आई थी।
हालांकि, दोनों मामलों के बीच किसी संबंध की पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए फिलहाल इन्हें अलग-अलग घटनाओं के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
आयकर विभाग की जांच जारी है और आने वाले दिनों में नकदी के स्रोत तथा इसे ले जाने के उद्देश्य से जुड़े और तथ्य सामने आ सकते हैं।

