उत्तर प्रदेश के बरेली में शनिवार तड़के नवोदय अस्पताल की चौथी मंजिल पर आग लगने से अफरातफरी मच गई। घटना इज्जतनगर थाना क्षेत्र के मिनी बाईपास स्थित अस्पताल की है। आग लगने की जानकारी मिलते ही अस्पताल में भर्ती मरीजों और तीमारदारों को आनन-फानन में बाहर निकाला गया। राहत की बात यह रही कि जिस चौथी मंजिल पर आग लगी, वहां उस समय कोई मरीज नहीं था। शुरुआती जांच में आग एसी में शॉर्ट सर्किट के कारण लगने की आशंका जताई गई है।
चौथी मंजिल से उठने लगा धुआं
शनिवार तड़के अस्पताल की चौथी मंजिल से लोगों ने धुआं उठता देखा। कुछ ही देर बाद वहां आग की लपटें दिखाई देने लगीं। आग की खबर अस्पताल में फैलते ही मरीजों और उनके तीमारदारों में घबराहट फैल गई।
अस्पताल प्रबंधन ने तत्काल परिसर खाली कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी। कर्मचारियों ने अलग-अलग वार्डों में भर्ती मरीजों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना शुरू किया। गंभीर मरीजों को बाहर निकालने में भी अस्पताल का स्टाफ जुट गया।
मरीजों और तीमारदारों को सुरक्षित निकाला गया
आग के दौरान अस्पताल में मौजूद लोगों को समय रहते बाहर निकाल लिया गया। सभी मरीजों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए कर्मचारियों ने तेजी से काम किया। बड़ी संख्या में मरीजों और तीमारदारों के एक साथ अस्पताल से बाहर आने के कारण परिसर में भीड़ जमा हो गई।
कुछ देर के लिए मौके पर अफरातफरी और भगदड़ जैसे हालात बन गए, लेकिन समय रहते लोगों को बाहर निकाल लिए जाने से किसी बड़े जनहानि की सूचना नहीं है।
जिस मंजिल पर आग लगी थी, वहां कोई मरीज मौजूद नहीं था। इससे भी राहत और बचाव अभियान में बड़ी मुश्किल टल गई।
मिनी बाईपास पर लगा जाम
अस्पताल में आग लगने की सूचना मिलते ही आसपास के लोग भी मौके पर पहुंचने लगे। अस्पताल के बाहर लोगों और वाहनों की संख्या बढ़ने से मिनी बाईपास पर यातायात प्रभावित हो गया।
कई लोगों ने अपने वाहन सड़क किनारे खड़े कर दिए और घटनास्थल की ओर देखने लगे। इससे सड़क पर वाहनों की कतार लग गई और कुछ समय के लिए जाम जैसी स्थिति बन गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात व्यवस्था संभाली और कुछ देर बाद रास्ते पर आवागमन सामान्य कराया।
एसी में शॉर्ट सर्किट की आशंका
अग्निशमन अधिकारी संजीव कुमार के मुताबिक, शुरुआती तौर पर आग लगने की वजह एसी में शॉर्ट सर्किट होने की आशंका है। हालांकि, आग की वास्तविक वजह अभी निश्चित नहीं है।
अधिकारी के अनुसार, घटना की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने के सही कारण का पता चल सकेगा।
समय रहते खाली कराया गया अस्पताल, बड़ा हादसा टला
अस्पताल प्रबंधन और कर्मचारियों की तत्परता से मरीजों और तीमारदारों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। चौथी मंजिल पर आग लगने के बावजूद किसी बड़े हादसे की सूचना नहीं है।
फिलहाल आग लगने के कारणों और अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े पहलुओं की जांच की जा रही है।

