हैदराबाद: असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) ने तेलंगाना विधान परिषद के सदस्य मिर्जा रहमत बेग के खिलाफ बड़ा कदम उठाया है। पार्टी ने शनिवार रात बेग को तत्काल प्रभाव से पार्टी से निष्कासित कर दिया। साथ ही उन्हें विधान परिषद के चेयरमैन को अपना इस्तीफा सौंपने का निर्देश दिया गया है।
पार्टी की ओर से यह जानकारी जॉइंट सेक्रेटरी SA हुसैन अनवर के माध्यम से दी गई। हालांकि, AIMIM ने अभी तक मिर्जा रहमत बेग को पार्टी से बाहर करने की वजह सार्वजनिक नहीं की है।
2023 में विधान परिषद के सदस्य बने थे बेग
मिर्जा रहमत बेग ने वर्ष 2023 में हैदराबाद स्थानीय प्राधिकरण निर्वाचन क्षेत्र से तेलंगाना विधान परिषद का चुनाव जीता था। इसके बाद वह विधान परिषद में AIMIM का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
अब पार्टी से निष्कासन के साथ उन्हें विधान परिषद की सदस्यता से भी इस्तीफा देने का निर्देश दिया गया है। हालांकि, उनकी सीट और सदस्यता को लेकर आगे की स्थिति संबंधित संवैधानिक एवं विधायी प्रक्रिया के तहत स्पष्ट होगी।
साइबर क्राइम पुलिस में दर्ज कराई थी शिकायत
AIMIM की कार्रवाई से एक दिन पहले मिर्जा रहमत बेग से जुड़ा एक और मामला सामने आया था। रिपोर्टों के मुताबिक, बेग ने हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया था कि अज्ञात लोग उन्हें फोन कर धमका रहे हैं और कथित तौर पर ब्लैकमेल करने की कोशिश कर रहे हैं। आरोप था कि पैसे नहीं देने पर उनकी डीपफेक और मॉर्फ्ड तस्वीरें तथा वीडियो जारी करने की धमकी दी जा रही थी।
शिकायत के मुताबिक, कथित तौर पर कॉल करने वालों ने उनके परिवार की प्रतिष्ठा और राजनीतिक करियर को नुकसान पहुंचाने की धमकी भी दी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, साइबर क्राइम पुलिस ने शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।
क्या ब्लैकमेल मामले की वजह से हुई कार्रवाई?
फिलहाल यह सवाल भी उठ रहा है कि बेग की साइबर क्राइम शिकायत और AIMIM द्वारा उनके निष्कासन के बीच कोई संबंध है या नहीं। हालांकि, पार्टी ने अपने आधिकारिक बयान में निष्कासन की वजह नहीं बताई है।
इसलिए दोनों घटनाओं को सीधे तौर पर जोड़ना अभी उचित नहीं होगा। AIMIM की ओर से इस संबंध में कोई विस्तृत स्पष्टीकरण सामने आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी।
विधान परिषद की सीट पर क्या होगा?
पार्टी ने बेग से विधान परिषद के चेयरमैन को इस्तीफा देने को कहा है। ऐसे में उनकी सदस्यता और सीट को लेकर आगे की कार्रवाई संबंधित नियमों और लागू संवैधानिक प्रक्रिया के अनुसार होगी।
फिलहाल सबसे अहम बात यह है कि AIMIM ने मिर्जा रहमत बेग को पार्टी से बाहर कर दिया है, लेकिन निष्कासन का आधिकारिक कारण सार्वजनिक नहीं किया गया है।
