आगरा: जगनेर क्षेत्र में नकली कुकिंग ऑयल तैयार किए जाने की शिकायत पर एक फैक्टरी में छापेमारी के बाद कार्रवाई नहीं होने का मामला सामने आया है। तपन एग्रो इंडस्ट्रीज के अधिकारियों ने आरोप लगाया है कि उनकी कंपनी के ब्रांड दीप क्लासिक के नाम पर नकली कुकिंग ऑयल तैयार कर बाजार में बेचने की शिकायत पर संयुक्त टीम ने फैक्टरी पर छापा मारा था। कंपनी का दावा है कि मौके से बड़ी मात्रा में संदिग्ध माल भी मिला, लेकिन इसके बावजूद कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
कंपनी के अधिकारियों ने सोमवार को आगरा के संजय प्लेस में प्रेसवार्ता कर पूरे मामले की जानकारी दी और पुलिस तथा प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
नौनी गांव के पास नकली उत्पाद तैयार करने का आरोप
तपन एग्रो के अधिकारियों के मुताबिक, कंपनी को पिछले काफी समय से अपने उत्पादों की नकल किए जाने और ट्रेडमार्क के कथित उल्लंघन की शिकायतें मिल रही थीं। कंपनी ने अपने स्तर पर जांच की तो कथित तौर पर पता चला कि जगनेर से करीब पांच किलोमीटर पहले नौनी गांव के पास नकली उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं।
इसके बाद कंपनी की ओर से संबंधित अधिकारियों को शिकायत दी गई।
खाद्य विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने की छापेमारी
शिकायत के बाद खाद्य विभाग की टीम और जगनेर पुलिस ने संबंधित फैक्टरी पर छापेमारी की। कंपनी के अधिकारियों का दावा है कि जांच के दौरान वहां बड़ी मात्रा में संदिग्ध और कथित नकली माल मिला।
हालांकि, आरोप है कि मौके पर मौजूद एक प्रभावशाली व्यक्ति के दबाव के कारण टीम ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की और बिना आवश्यक कार्रवाई किए वापस लौट गई।
कंपनी ने पुलिस आयुक्त और डीएम से की शिकायत
तपन एग्रो के प्रबंधक कार्मिक सीएस पाराशर, विधि अधिकारी अनुज चौधरी और ब्रांड मैनेजर मोहित सक्सेना ने प्रेसवार्ता में कहा कि मामले में कार्रवाई नहीं होने से कंपनी को गंभीर चिंता है।
कंपनी ने अब पूरे मामले की जानकारी पुलिस आयुक्त और जिलाधिकारी को दी है। अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच और कथित नकली उत्पाद तैयार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है।
जांच और कार्रवाई पर टिकी नजर
मामले में कंपनी की ओर से लगाए गए आरोपों के बाद पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। अब यह देखना होगा कि शिकायत के आधार पर संबंधित विभाग मामले की दोबारा जांच करता है या नहीं और कथित नकली उत्पादों की पुष्टि होने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।

